
हरिद्वार।
सुभाष नगर स्थित वरिष्ठ नेत्री किरण सिंह के निवास पर पर्वतीय–मैदानी एकता समिति द्वारा भव्य दिवाली मिलन समारोह आयोजित किया गया। इस अवसर पर समिति के अध्यक्ष पी.के. अग्रवाल ने घोषणा की कि उत्तराखंड राज्य स्थापना के 25वें वर्ष (रजत जयंती वर्ष) में प्रदेशभर में शहीद सम्मान समारोहों का आयोजन किया जाएगा। इन कार्यक्रमों में राज्य आंदोलन में शहीद हुए आंदोलनकारियों के परिजनों को सम्मानित किया जाएगा।

पी.के. अग्रवाल ने कहा कि उत्तराखंड राज्य का निर्माण हमारे 42 शहीदों के बलिदान की नींव पर हुआ है, लेकिन आज भी यह सवाल कायम है कि क्या शहीदों के सपनों का उत्तराखंड बना है? क्या अलग राज्य की मांग के पीछे जो उद्देश्य था—रोजगार, शिक्षा, स्वास्थ्य और पलायन रोकना—वह पूरे हुए हैं? उन्होंने कहा कि समिति अब आम जनता के बीच जाकर इन सवालों के जवाब खोजेगी और उत्तराखंड को सशक्त, नशामुक्त और अपराधमुक्त बनाने की दिशा में कार्य करेगी।
कार्यक्रम के दौरान समिति की कार्यकारिणी का विस्तार भी किया गया, जिसमें सामाजिक कार्यकर्ता किरण सिंह को प्रदेश महिला अध्यक्ष तथा डॉ. राजेंद्र पाराशर को प्रदेश उपाध्यक्ष नियुक्त किया गया।
अग्रवाल ने कहा कि आने वाले समय में “मेरा गांव–मेरा पहचान” और “पर्वतीय–मैदानी एकता सम्मेलन” जैसे आयोजनों के माध्यम से देशभर में बसे प्रवासी उत्तराखंडी भाई–बहनों को जोड़ा जाएगा, ताकि नई पीढ़ी अपने जड़ों और संस्कृति से जुड़ सके।
उपाध्यक्ष डॉ. राजेंद्र पाराशर ने कहा कि मंच गैर-राजनीतिक भूमिका में रहकर पलायन रोकने और गांवों को सशक्त बनाने की दिशा में काम कर रहा है।
वहीं, अनीता तिवारी, उपाध्यक्ष पर्वतीय–मैदानी एकता मंच, ने कहा कि संगठन में महिला शक्ति को विशेष प्रतिनिधित्व दिया जा रहा है। उन्होंने बताया कि किरण सिंह, लक्ष्मी अग्रवाल, अरुणा शर्मा और मीनाक्षी पराशर जैसी सशक्त महिलाएं प्रदेशभर में बौद्धिक सम्मेलन और कार्यक्रमों के माध्यम से लोगों को जोड़ रही हैं।
कार्यक्रम में विशेष रूप से चंडमा नाद, पंकज मलिक, सुरेंद्र धीमान ‘लाला कपड़े वाले’, अनिल नैयर (सभासद सुभाष नगर), राजकुमार यादव, रमेश पाठक, अनिल राणा, राजकुमार (BHEL), प्रदीप सैनी, अवधेश, मनोज शुक्ला, सनील पांडे, ब्रह्मानंद चौबे, रेखा गुप्ता, कुलवंत सिंह चड्ढा, गौरी शंकर, रोहित चौहान, महावीर चौधरी, प्रेमचंद सैनी, संजीव वर्मा, ललित सैनी, अंकीत, उदय बसल, कृष्णा, सुशील सैनी, जीतू चौधरी, सीमा चौधरी, शांति विश्वास, पुनम यादव, दिया चौधरी, अराधना पांडे, रीना यादव, मिथलेश कौशिक सहित बड़ी संख्या में कार्यकर्ता और गणमान्य लोग मौजूद रहे।
कार्यक्रम का समापन उत्तराखंड की एकता, भाईचारे और संस्कृति को मजबूत करने के संकल्प के साथ हुआ।



